भारत सरकार इलेक्ट्रिक वेहिकल्स की कीमत 30% तक घटा सकती है

इंडिया में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को प्रोत्साहित करने के लिए भारत सरकार ने कई इन्सेन्टिव्स/स्कीम्स शुरू किये हैं.

केंद्र सरकार के अलावा बहुत सारी राज्य सरकारें भी इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को प्रोत्साहन देने के लिए इन्सेन्टिव्स/स्कीम दे रही हैं.

केंद्र/राज्य सरकारें इलेक्ट्रिक वेहिकल्स के लिए चार्जिंग पॉइंट्स/स्टेशंस स्थापित करने के लिए भी सब्सिडी दे रही हैं.

आने वाले कुछ महीनों में भारत सरकार इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को और भी सस्ता करने के लिए विचार कर रही है.

सरकार इलेक्ट्रिक वेहिकल्स पर लगनेवाले टैक्स को कम कर सकती है और अन्य इन्सेन्टिव्स/स्कीम शुरू कर सकती है. 

इन सारे क़दमों से इलेक्ट्रिक वेहिकल्स की कीमत 30% तक कम हो सकती है.

बजट 2022-23 के अनुसार देश में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को बढ़ावा देने के लिए सरकार बैटरी स्वैपिंग से सम्बंधित एक नई नीति लाएगी.

सरकार द्वारा बैटरी स्वैपिंग को प्रोत्साहन देने से इलेक्ट्रिक वेहिकल बनानेवाली कंपनियां स्वेपेबल बैटरी के साथ इलेक्ट्रिक वेहिकल्स बनाएंगी.

स्वेपेबल बैटरी से उपभोक्ता को इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को खरीदने के समय 30-40% कम पैसा देना पड़ेगा.

स्वेपेबल बैटरी की टेक्नोलॉजी को बढ़ावा देने से इलेक्ट्रिक वेहिकल्स के मनुफक्चरर्स “बैटरी एस ए सर्विस” [Battery As a Service (BAAS)] मॉडल को अपनाएंगे.

BAAS मॉडल के अंतर्गत उपभोक्ता अलग अलग कंपनियों से बैटरी किराये पर लेकर अपने इलेक्ट्रिक वेहिकल्स की डिस्चार्ज बैटरी के बदले फुल चार्ज बैटरी लगा सकता है.

इस बैटरी को इस्तेमाल करने के लिए उपभोक्ता को बैटरी की कंपनी को एक फिक्स्ड मासिक किराया देना पड़ेगा.

इससे उपभोक्ता चार्जिंग से सम्बंधित सर्विस पर खर्च करने से बच जायेगा. भारत सरकार इन सर्विसेज पर 18% GST लगाती है जिसे सरकार 5% कर सकती है.