इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में बार बार आग लगने का समाधान बैटरी स्वैपिंग है | Battery Swapping is Solution to Frequent Fire Incidents in Electric Vehicles

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परिचय:

आजकल इंडिया में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स बहुत ज्यादा संख्या में बिक रहे हैं. उपभोक्ता भी इलेक्ट्रिक वेहिकल्स के बारे में पहले से ज्यादा जागरूक हो गए हैं. इनके साथ साथ केंद्र और राज्य सरकारें भी इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को प्रोत्साहन देने के लिए कई इन्सेन्टिव्स/सब्सिडी दे रही है. इसके कारण ऑटो कंपनियां भी बहुत सारे किफायती और सस्ते मॉडल्स मार्केट में लांच कर रही है जिससे आम उपभोक्ता अब इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को आसानी से खरीद सकता है.

विवरण:

आम उपभोक्ता इलेक्ट्रिक वेहिकल्स खरीद सके, इसके लिए ऑटो कंपनियां कई सारे बैंकों/एजेंसियों से समझौते कर रही हैं. इससे उपभोक्ता इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को आसान शर्तों पर खरीद सकते हैं. इन सारे कदमों से इंडिया में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स खरीदना अब बहुत ही आसान हो गया है और ऑटो कंपनियां अच्छी संख्या में अपने वेहिकल्स की बिक्री कर पा रही हैं. 

परन्तु पिछले कुछ दिनों में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में आग लगने की घटनाएं सामने आई हैं. कई बड़ी ऑटो कंपनियों के इलेक्ट्रिक स्कूटर्स की बैटरी को चार्ज करते समय उनमे आग लगी है. इससे सामान्य उपभोक्ता बहुत ही असमंजस की हालत में आ गया है. अब उपभोक्ता इन इलेक्ट्रिक वेहिकल्स की सुरक्षा को लेकर बहुत ही परेशान हैं. 

इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में आग लगने का संयोग (chance) पेट्रोल/डीजल वेहिकल्स की तुलना में बहुत क़म है लेकिन इन वेहिकल्स की बैटरी के कारण इनकी आग बहुत जल्दी एक बड़ा रूप ले सकती है. इन वेहिकल्स में आग लगने की के कारणों को पता करने के इलेक्ट्रिक वेहिकल्स बनाने वाली कंपनियां जांच कर रही हैं. इनके अलावा, भारत सरकार भी इनमे आग लगने के कारणों की जांच कर रही है. 

इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी के इस्तेमाल से इन वेहिकल्स में आग लगने की घटना को काफी हद तक तक कम किया जा सकता है. रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी के इस्तेमाल को बैटरी स्वैपिंग कहते हैं. बैटरी स्वैपिंग में इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी को डिस्चार्ज होने पर एक फुल चार्ज बैटरी से बदल दिया जाता है. इन रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरीज को बाहर चार्ज किया जाता है जिससे ये चार्जिंग के समय भी ठन्डे रहते हैं. इससे इनमे आग लगने का खतरा कम हो जाता है. 

इलेक्ट्रिक वेहिकल्स की फिक्स्ड बैटरी को चार्ज करते समय उसके गरम होने से भी इनमे आग लगने का खतरा रहता है. इन सब से बचने के लिए रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी का इस्तेमाल सबसे अच्छा समाधान है.   

बैटरी स्वैपिंग में इलेक्ट्रिक वेहिकल चलाने वाला व्यक्ति बैटरी स्वैपिंग स्टेशन पर अपने डिस्चार्ज बैटरी को एक फुल चार्ज बैटरी से बदल सकता है. बैटरी डिस्चार्ज होने पर बहुत गरम हो जाती है जो स्वैपिंग स्टेशन पर चार्ज करने के समय ठंडी हो जाती है. डिस्चार्ज बैटरी को एक फुल चार्ज बैटरी से बदलने के समय फुल चार्ज बैटरी ठंडी रहती है जिससे इलेक्ट्रिक वेहिकल में आग लगने का संयोग (chance) बहुत कम हो जाता है. 

रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी पर आधारित इलेक्ट्रिक वेहिकल्स के उपभोक्ता इनकी बैटरी को Battery As A Service (BAAS) के अंतर्गत इस्तेमाल करते हैं. आजकल बहुत सारी कंपनियां ये सर्विस दे रही हैं. इस सर्विस में उपभोक्ता रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी को इस्तेमाल करने के लिए कंपनी को एक फिक्स्ड मासिक किराया देता है. 

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सारांश:

आजकल कई इलेक्ट्रिक बैटरी स्वैपिंग पर आधारित अपने इलेक्ट्रिक वेहिकल्स इंडिया में लांच कर रही है. इन इलेक्ट्रिक वेहिकल्स में रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी का इस्तेमाल किया जा रहा है. Bounce, BattRE और Jitendra New EV Tech कुछ ऐसे इलेक्ट्रिक वेहिकल्स कपनियां है जिन्होंने रिमूवेबल/रिप्लेसेबल बैटरी वाले इलेक्ट्रिक वेहिकल्स मार्केट में लांच किए हैं. इन इलेक्ट्रिक वेहिकल्स के इस्तेमाल से आग लगने की घटना को बहुत हद तक कम किया जा सकता है जिससे उपभोक्ता इलेक्ट्रिक वेहिकल्स को बेझिझक खरीद पाएंगे.

FAQs:

क्या इलेक्ट्रिक स्कूटर खरीदना सही है?
इलेक्ट्रिक स्कूटर खरीदना बिलकुल सही है क्यूंकि इसको चलाने में पेट्रोल/डीजल से चलने वाले स्कूटर्स से काम खर्च आता है. इसके अलावा, इसके मेंटेनेंस में भी कम खर्च होता है.
इंडिया का पहला इलेक्ट्रिक स्कूटर कौन है ?
Ather Energy का S340 मॉडल देश का पहला इलेक्ट्रिक स्कूटर था. 
भारत के बड़े इलेक्ट्रिक स्कूटर कम्पनियाँ कौन कौन सी है ?
Ather Energy, Revolt Motors, Bajaj Auto, TVS Motor, Hero Electric, Okinawa ,Ola Electric,Simple Energy और Okaya Electric देश की कुछ बड़ी इलेक्ट्रिक स्कूटर कंपनियां हैं.
इंडिया को इलेक्ट्रिक कार की जरूरत क्यों है ? 
देश में बढ़ती प्रदुषण (pollution) समस्या से निबटने के लिए हमें इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को प्रमोट करने की जरूरत है. समय के साथ इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को चलने के लिए बैटरी जैसे पावर सोर्स और भी क्लीन होते जायेंगे जो कि पर्यावरण (environment) के लिए अच्छे होंगे. 
क्या भारत में इलेक्ट्रिक कार सफल (successful) हैं ?
देश में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स- इलेक्ट्रिक कार्स और इलेक्ट्रिक स्कूटर्स पिछले साल की तुलना में अच्छी बिक्री (sales) नंबर रजिस्टर कर रहे हैं. इससे ये साबित होता है कि जनता इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को खुले दिल से स्वीकार रही है. इसके साथ सरकार के अनेकों प्रमोशनल स्कीम्स देश में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स सेल्स को जरूर प्रोत्साहित करेंगे. 
इंडिया की सबसे सस्ती इलेक्ट्रिक कार कौन सी है ?
स्टॉर्म R3 इंडिया की सबसे सस्ती इलेक्ट्रिक कार है जो 4.5 लाख Rs (एक्स शोरूम) में आती है. इसके बाद टाटा altroz इलेक्ट्रिक कार है जो 5.26 लाख Rs में आती है. 
इंडिया में कौन कौन कंपनी इलेक्ट्रिक कार बनाती हैं?
देश की सबसे पहली इलेक्ट्रिक कार कंपनी महिंद्रा है जिसने इंडिया की पहली इलेक्ट्रिक कार Reva को 2001 में ही लांच कर दिया था. बाद में कंपनी ने Mahindra E20 और eVerito जैसे नए मॉडल्स भी लांच किया है. महिंद्रा के अलावा टाटा मोटर्स, हुंडई और अशोक लेलैंड कुछ दूसरे बड़े इलेक्ट्रिक व्हीकल कंपनी हैं. 

About Post Author

Nitin Kashyap

Nitin Kashyap has interest in electric vehicle industry. He has substantial experience in Business/Economic/Market Research. Nitin holds BA and MBE [Master of Business Economics] degree. He knows Spanish, English & Hindi languages. His likes blogging, reading and traveling.
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